एक 22 वर्षीय भारतीय नागरिक ने कनाडा की सीमा के रास्ते लोगों को अवैध रूप से अमेरिका में प्रवेश कराने की एक कथित साजिश में अपनी भूमिका स्वीकार कर ली है। जांच एजेंसियों के अनुसार, यह मामला सीमा पार अवैध घुसपैठ से जुड़ा हुआ है, जिसमें आरोपी पर संगठित तरीके से लोगों को बिना वैध दस्तावेज के अमेरिका भेजने में मदद करने का आरोप था।
पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपनी संलिप्तता को स्वीकार किया, जिसके बाद मामले की जांच और तेज कर दी गई है। अधिकारियों का कहना है कि इस पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि इसमें और कौन-कौन लोग शामिल हैं और इस तरह की गतिविधियां कितने बड़े स्तर पर संचालित हो रही थीं।
आरोपों के अनुसार, वह कनाडा से लोगों को अवैध रूप से अमेरिका पहुंचाने के लिए ड्राइवरों और अन्य सहयोगियों की व्यवस्था करता था। जांच एजेंसियों का कहना है कि वह इस पूरे नेटवर्क में एक अहम भूमिका निभा रहा था और सीमा पार कराए जाने वाले लोगों के लिए परिवहन से जुड़ी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करता था।
रिपोर्ट के मुताबिक, यह गतिविधियां विशेष रूप से उत्तरी न्यूयॉर्क के आसपास के इलाकों में संचालित की जाती थीं, जहां सीमा पार कराने के लिए संवेदनशील रूटों का इस्तेमाल किया जाता था। अधिकारियों का मानना है कि इस तरह के नेटवर्क में कई स्तरों पर लोग शामिल हो सकते हैं, जिनकी पहचान और भूमिका की जांच अभी जारी है।
रिपोर्ट के अनुसार, पिछले वर्ष जनवरी में शिवम नामक व्यक्ति पर आरोप है कि उसने भारत और ब्रिटेन के कुल 12 लोगों को कनाडा के रास्ते अवैध रूप से अमेरिका पहुंचाने की कोशिश की। जांच एजेंसियों का दावा है कि इस पूरी प्रक्रिया के लिए प्रति व्यक्ति लगभग 100 अमेरिकी डॉलर का भुगतान लिया गया था।
मामले से जुड़े दस्तावेजों के मुताबिक, यह लेनदेन एक संगठित नेटवर्क के तहत किया जा रहा था, जिसमें लोगों को सीमावर्ती रास्तों से अमेरिका भेजने की योजना बनाई गई थी। अधिकारियों का कहना है कि इस तरह की गतिविधियों में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है, ताकि पूरे नेटवर्क का खुलासा किया जा सके और आगे ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
जानकारी के अनुसार, इस पूरे मामले में प्रति व्यक्ति लगभग 100 अमेरिकी डॉलर का भुगतान किए जाने की बात सामने आई है। माना जा रहा है कि यह राशि अवैध तरीके से सीमा पार कराने की प्रक्रिया से जुड़ी सेवाओं के लिए ली गई थी।
इसी दौरान उसी महीने अमेरिकी बॉर्डर पेट्रोल एजेंट्स ने सीमा के पास संदिग्ध गतिविधियों के आधार पर दो वाहनों को रोकने का प्रयास किया। अधिकारियों का कहना है कि यह कार्रवाई नियमित निगरानी और अवैध घुसपैठ की आशंका के चलते की गई थी। मामले की जांच में यह भी देखा जा रहा है कि इन वाहनों और पूरे नेटवर्क के बीच क्या संबंध था और इसमें कौन-कौन लोग शामिल थे।
आरोपों के अनुसार, जिन वाहनों को रोका गया था उनमें कुल 12 लोग सवार थे, जिन्हें कथित तौर पर अवैध तरीके से अमेरिका में प्रवेश कराने की कोशिश की जा रही थी। जांच एजेंसियों का कहना है कि यह पूरा मामला एक संगठित नेटवर्क से जुड़ा हुआ प्रतीत होता है, जो सीमा पार लोगों को पहुंचाने में सक्रिय था।
इस मामले में शिवम नामक व्यक्ति ने पूछताछ के दौरान अपनी भूमिका स्वीकार की है। अधिकारियों के मुताबिक, वह इस पूरी प्रक्रिया में एक महत्वपूर्ण कड़ी के रूप में कार्य कर रहा था। मामले की आगे की जांच के बाद उसे सितंबर में कानूनी कार्रवाई का सामना करना पड़ सकता है। फिलहाल एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि इस नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल थे और इसका संचालन किस स्तर पर किया जा रहा था।
Sneha Sharma is a Senior Hindi Correspondent for StudioX News Canada, leading the Hindi editorial desk at hi.studioxnews.ca. She brings over three years of journalism experience across print, digital, and broadcast media in India. Her career includes roles at Jagran New Media (Her Zindagi), Zee News Hindi, TV100, Rashtriya Sahara, Amar Ujala, and Search India News, where she worked as a content writer, ground reporter, and news anchor. She holds a BA in Journalism and Mass Communication from Dev Sanskriti University, Haridwar. At StudioX News, she covers Canada immigration, community affairs, South Asia news, and diaspora stories for Hindi-speaking communities across Canada.

